March 2, 2026 4:58 am

जो सच बोलता है।

15 Best News Portal Development Company In India

जो सच बोलता है।

शा.रेवती रमण मिश्र  महाविद्यालय में ‘‘राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी‘‘ समारोह का किया गया आयोजन
– समन्वित विकास ही डिजीटल की उपादेयता सिद्ध करता हैरू कलेक्टर श्री एस. जयवर्धन

सूरजपुर/1 मार्च 2026/ तकनीकी ज्ञान का अधिकाधिक समुचित उपयोग किसी भी देश, समाज और परिवार को सशक्त बनाता है। मैट्रोपालिटन सिटी हैदराबाद के साथ-साथ  सुदूर ग्राम्यांचल बिहारपुर जैसे गांवों के जनमानस को डिजीटल इंडिया से जोड़ा जाना आज अति आवश्यक है। बैंकिंग एवं अन्य शासकीय कृत्यों के परिपालन में आधार कार्ड को लिंक कराये जाने को लेकर नागरिकों की सहभागिता उल्लेखनीय है।
        डिजीटलीकरण के द्वारा ही हम विकास मार्ग के यात्री हो सकते हैं। सकारात्मक और सार्थक डिजीटल उपकरणों के उपयोग से सामूहिक विकास संभव है। ’’ सूरजपुर जिला के कलेक्टर श्री एस.जयवर्धन ने ष्राष्ट्रीय शोध संगोष्ठीष् के उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि की आसंदी से उक्ताशय के विचार व्यक्त किये।
        शासकीय रेवतीरमण मिश्र स्नातकोत्तर महाविद्यालय सूरजपुर के सभागार में आयोजित ‘‘ समकालीन भारत में डिजीटल नागरिक सहभागिता और समावेशी विकास ’’ विषय पर केन्द्रित एकदिवसीय समारोह में इंदिरा गांधी जनजाति केन्द्रीय विश्वविद्यालय अमरकंटक के डॉ. उदय प्रताप सिंह ने की नोट स्पीकर के रुप में शोधार्थियों में डिजीटल आयामों के नवोन्मेष प्रकरणों पर शोध करने को प्रेरित किया।
        रिसोर्स परसन राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय ओबरा, उत्तरप्रदेश के प्राचार्य प्रो. सुभाष राम ने तकनीक के बदलते स्वरुप पर विस्तार से प्रकाश डाला। एमीनेंट स्पीकर का दायित्व निर्वहित करते हुए आर्या महिला महाविद्यालय प्रयागराज के प्रोफेसर अवधेश कुमार ने डिजीटल क्रांति में विद्यार्थियों की सहभागिता को रेखांकित करते हुए समावेशी विकास पर जोर दिया।
        प्रथम सत्र की अध्यक्षता कर रहे महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य एवं अपर संचालक, उच्च शिक्षा डॉ. एस.एस. अग्रवाल ने कोरोना काल जैसे आपदा काल में भी संचार उपकरणों के महत्व पर दृष्टिपात करते हुए रोजगार की अपार संभावनाओं की ओर ध्यान दिलाया। महाविद्यालय के जनभागीदारी अध्यक्ष श्री यशवंत सिंह ने डिजीटल की ओर आम जनमानस के बढ़ते रुझान के प्रति खुशी जाहिर की।  तकनीक के अंधाधुंध प्रयोग से परस्पर संवादहीनता की आशंका की ओर द्वितीय सत्र की अध्यक्षता कर रहे कन्या महाविद्यालय के प्राचार्य श्री बृजलाल साहू ने सभा का ध्यान आकृष्ट किया।
         महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. एच.एन. दुबे ने आयोजन की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए बतलाया कि सामूहिक विकास हित के लिए डिजीटल माध्यमों का विवेकपूर्ण उपयोग किया आवश्यक है। छत्तीसगढ़ शासन, उच्च शिक्षा विभाग द्वारा वित्त पोषित इस राष्ट्रीय शोध संगोष्ठी के संयोजक डॉ. अखिलेश द्विवेदी ने विस्तृत रुप से आयोजन की रुपरेखा से परिचित कराया।
     पंडित सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय बिलासपुर के कुलसचिव चन्द्रभूषण मिश्रा, राजीवगांधी पीजी कॉलेज के प्रो. एस.एन. पांडेय, शासकीय लरंगसाय अग्रणी महाविद्यालय रामानुजगंज की प्राचार्य डॉ. रोजलिली बड़ा, शासकीय महाविद्यालय विश्रामपुर के प्राचार्य डी.पी. कोरी, रेवतीरमण कॉलेज की प्राध्यापक डॉ. प्रतिभा कश्यप, राजमोहिनी महाविद्यालय अम्बिकापुर की प्रो. रीता सिंह, डॉ. प्रियंका सिंह चंदेल, शोधार्थी सम्प्रति साहू ने भी डिजीटल सहभागिता के द्वारा हो रहे समन्वित विकास की बात कही। वाड्रफनगर, राजपुर, रामानुजगंज,सरगुजा के विभिन्न महाविद्यालयों सहित कन्या महाविद्यालय सूरजपुर एवं आयोजक महाविद्यालय के प्राध्यापकगणों एवं शोधार्थियों, विद्यार्थियों की अधिकाधिक उपस्थिति उल्लेखनीय रही।  डॉ. अखिलेश पांडेय, टी.आर. रहंगडाले, पूजांजली भगत ने संगोष्ठी का सफल संचालन किया।

Picture of Mahi singh Rajput

Mahi singh Rajput

Contact for news Advertisement 8120295352

Leave a Comment

और पढ़ें

कृषक बंधुओं के चेहरे मे दिखी खुशी, जिले के 58 हजार 443 किसानों के खाते में हस्तांतरित हुई 273 करोड़ 55 लाख 63 हजार की राशि
कृषक उन्नति योजना अंतर्गत आदान सहायता राशि वितरण समारोह एवं किसान सम्मेलन कार्यक्रम संपन्न

Cricket Live Score

Rashifal

और पढ़ें

कृषक बंधुओं के चेहरे मे दिखी खुशी, जिले के 58 हजार 443 किसानों के खाते में हस्तांतरित हुई 273 करोड़ 55 लाख 63 हजार की राशि
कृषक उन्नति योजना अंतर्गत आदान सहायता राशि वितरण समारोह एवं किसान सम्मेलन कार्यक्रम संपन्न